छत्तीसगढ़राज्य

नीट एसएस काउंसलिंग राउंड-1 के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू, 15 मार्च तक करें आवेदन

नई दिल्ली

चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में उच्चतम डिग्री हासिल करने का सपना देख रहे डॉक्टरों के लिए एक महत्वपूर्ण अपडेट है। मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) ने नीट एसएस (NEET SS) काउंसलिंग 2026 के राउंड-1 के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह काउंसलिंग डॉक्टर ऑफ मेडिसिन (DM), मास्टर ऑफ चिरुर्गिया (MCh) और DrNB सुपर स्पेशियलिटी कोर्सेज में एडमिशन के लिए आयोजित की जा रही है।

जो उम्मीदवार नेशनल एलिजिबिलिटी-कम-एंट्रेंस टेस्ट सुपर स्पेशियलिटी (NEET SS) में सफल हुए हैं, वे आधिकारिक वेबसाइट mcc.nic.in पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।

काउंसलिंग का शेड्यूल (राउंड-1)

काउंसलिंग प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलाने के लिए एमसीसी ने एक टाइम टेबल जारी किया है:

रजिस्ट्रेशन की अवधि: 10 मार्च से 15 मार्च 2026 (दोपहर 12 बजे तक)।

शुल्क भुगतान की अंतिम तिथि: 15 मार्च 2026 (दोपहर 3 बजे तक)।

चॉइस फिलिंग (कॉलेज चुनना): 11 मार्च से 16 मार्च 2026 (रात 11:55 बजे तक)।

चॉइस लॉकिंग: 16 मार्च 2026 (शाम 4 बजे से रात 11:55 बजे तक)।

सीट आवंटन परिणाम: 18 मार्च 2026।

कॉलेज में रिपोर्टिंग: 19 मार्च से 25 मार्च 2026 के बीच।

रजिस्ट्रेशन शुल्क और सुरक्षा राशि

नीट एसएस काउंसलिंग में भाग लेने के लिए उम्मीदवारों को भारी-भरकम शुल्क का भुगतान करना होता है, जिसे दो भागों में बांटा गया है। रजिस्ट्रेशन शुल्क 5,000 रुपये ( नॉन-रिफंडेबल यानी वापस नहीं होने वाला शुल्क) है। सुरक्षा जमा राशि 2,00,000 रुपये (यह रिफंडेबल है) है। कुल मिलाकर, उम्मीदवारों को रजिस्ट्रेशन के समय 2,05,000 रुपये का भुगतान ऑनलाइन माध्यम से करना होगा।

आवश्यक डॉक्यूमेंट

आवंटित कॉलेज में रिपोर्टिंग के समय उम्मीदवारों को इन ओरिजनल डॉक्यूमेंट की आवश्यकता होगी।

    नीट एसएस 2025 का स्कोरकार्ड और एडमिट कार्ड

2. एमबीबीएस (MBBS) की डिग्री और मार्कशीट

3. एमडी/एमएस/डीएनबी (MD/MS/DNB) की डिग्री

4. एनएमसी (NMC) या राज्य चिकित्सा परिषद का रजिस्ट्रेशन प्रमाण पत्र

5. जन्म तिथि प्रमाण (10वीं की मार्कशीट)

6. पहचान पत्र (आधार कार्ड, पैन कार्ड या पासपोर्ट)

काउंसलिंग के चरण और नियम

यह काउंसलिंग प्रक्रिया कुल तीन चरणों में आयोजित की जाएगी: राउंड 1, राउंड 2 और एक 'स्ट्रे वैकेंसी' राउंड। यदि किसी उम्मीदवार को पहले दौर में सीट मिल जाती है, तो उनके पास 'अपग्रेडेशन' का विकल्प भी होता है। काउंसलिंग पूरी तरह से ऑनलाइन मोड में होती है, लेकिन सीट मिलने के बाद फिजिकल वेरिफिकेशन के लिए आवंटित संस्थान में उपस्थित होना अनिवार्य है।

सुपर स्पेशियलिटी कोर्सेज का नया शैक्षणिक सत्र 10 अप्रैल 2026 से शुरू होने की संभावना है। उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे चॉइस फिलिंग करते समय कॉलेजों की वरीयता को ध्यान से भरें, क्योंकि इसी के आधार पर उनकी मेरिट और रैंक के अनुसार सीट का आवंटन किया जाएगा।

 

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