
सतना। मझगांव विकासखंड के बिरसिंहपुर स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक युवक अस्पताल पहुंचकर “मरने की दवा” लिखने की मांग करने लगा। इस घटना से अस्पताल परिसर में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।मिली जानकारी के अनुसार अखिलेश केवट नामक युवक पारिवारिक परिस्थितियों से परेशान होकर अस्पताल पहुंचा था। उसने बाकायदा ओपीडी पर्ची कटवाई और चिकित्सक के पास दवा लिखवाने पहुंचा। उस समय डॉ. सुनील सिंह मरीजों का उपचार कर रहे थे।जैसे ही युवक ने डॉक्टर से “मरने की दवा” देने की बात कही, डॉक्टर भी एक पल के लिए स्तब्ध रह गए। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए उन्होंने तुरंत युवक को समझाने की कोशिश की और मामले की सूचना पुलिस को दी।
घर लेकर पहुंची पुलिस
कुछ देर बाद पुलिस मौके पर पहुंची और युवक को अपने साथ लेकर उसके घर गई। वहां परिजनों से बातचीत के दौरान यह सामने आया कि युवक घरेलू समस्याओं के चलते मानसिक रूप से परेशान था। चिकित्सक की सूझबूझ और संवेदनशीलता के चलते एक संभावित अनहोनी टल गई। समय रहते पुलिस को सूचना देकर युवक को सुरक्षित उसके घर पहुंचाया गया। इस तरह के मामलों में मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना बेहद जरूरी है।



